यूपी के हापुड़ स्थित थाना बाबूगढ़ क्षेत्र के गांव रसूलपुर व फतेहपुर के जंगल में सरकारी भूमि की खोदाई के दौरान बृहस्पतिवार को शिवलिंग निकल गया।

यूपी के हापुड़ स्थित थाना बाबूगढ़ क्षेत्र के गांव रसूलपुर व फतेहपुर के जंगल में सरकारी भूमि की खोदाई के दौरान बृहस्पतिवार को शिवलिंग निकल गया। शिवलिंग निकलने की सूचना पर सैंकड़ों की संख्या में ग्रामीण यहां एकत्र हो गए। पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों व ग्रामीणों ने गांव रसूलपुर स्थित प्राचीन मंदिर में शिवलिंग को स्थापित कराया।

ग्रामीणों ने किया मंदिर में स्थापित
राजेंद्र को खोदाई में मिले शिवलिंग गांव रसूलपुर निवासी जयकरण व उनके पांच भाइयों के गांव रसूलपुर व फतेहपुर के जंगल में खेत हैं। जबकि उनके खेत के बराबर में सरकारी भूमि भी स्थित है। बृहस्पतिवार को राजेंद्र इस भूमि पर मिट्टी खोद रहा था। उन्होंने बताया कि इस भूमि की खुदाई के दौरान यहां शिवलिंग निकला गया।

शिवलिंग निकलने की खबर आग की तरफ फैली
सैंकड़ों की भीड़ हुई जमा शिवलिंग निकले की खबर दोनों गांव में आग की तरह क्षेत्र में फैल गई। सूचना पर दोनों गांव के सैंकड़ों ग्रामीण यहां एकत्र हो गए। जिनमें से किसी इसकी सूचना पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों को दी। सूचना पर एडीएम संदीप कुमार, एसडीएम अंकित वर्मा, थाना प्रभारी विजय कुमार गुप्ता अन्य कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे।

मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारी
अधिकारियों ने मंदिर में करवाई शिवलिंग स्थापित अधिकारियों ने ग्रामीणों से वार्ता कर शिवलिंग को मंदिर में स्थापित कराने की बात कही। जिस पर ग्रामीण सहमत हो गए। अधिकारियों की मौजूदगी में ग्रामीण शिवलिंग को गांव रसूलपुर के प्राचीन मंदिर में लेकर पहुंचे। जहां विधि विधान के साथ शिवलिंग को स्थापित कर दिया गया। जिसके बाद श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर जलाभिषेक किया।

मौके पर मौजूद अधिकारी
खोदाई से पहले नहीं दी गई थी प्रशासन को सूचना एडीएम संदीप कुमार का कहना है कि लोगों की भावनाओं को देखते हुए शिवलिंग को मंदिर में स्थापित कर दिया गया है। हालांकि खोदाई से पहले अधिकारियों या पुलिस को सूचना देनी चाहिए थी। हालांकि ग्रामीणों ने खुद ही शिवलिंग को मंदिर में स्थापित करने का निर्णय ले लिया।
अधिकारियों ने ग्रामीणों से वार्ता कर शिवलिंग को मंदिर में स्थापित कराने की बात कही। जिस पर ग्रामीण सहमत हो गए। अधिकारियों की मौजूदगी में ग्रामीण शिवलिंग को गांव रसूलपुर के प्राचीन मंदिर में लेकर पहुंचे। जहां विधि विधान के साथ शिवलिंग को स्थापित कर दिया गया। जिसके बाद श्रद्धालुओं ने शिवलिंग पर जलाभिषेक किया।