अगर आपकी उम्र 60 साल या उससे ज्यादा है और आप फिक्स्ड डिपॉजिट में निवेश करने की योजना बना रहे हैं, तो यह खबर आपके काम की है. कुछ बैंक अभी भी सीनियर सिटीजंस को FD पर 8.3% तक सालाना ब्याज दे रहे हैं. यह ब्याज दर 3 करोड़ रुपये तक की जमा राशि पर लागू है. ऐसे में सुरक्षित निवेश के साथ बेहतर रिटर्न चाहने वाले वरिष्ठ नागरिकों के लिए यह अच्छा मौका हो सकता है.

इन बैंकों में मिल रहा सबसे ज्यादा ब्याज
जना स्मॉल फाइनेंस बैंक सीनियर सिटीजंस को 3 साल की FD पर 8.3% सालाना ब्याज दे रहा है. वहीं, शिवालिक स्मॉल फाइनेंस बैंक और उत्कर्ष स्मॉल फाइनेंस बैंक 5 साल की FD पर 8% ब्याज की पेशकश कर रहे हैं. निवेश करने से पहले संबंधित बैंक की मौजूदा ब्याज दर और शर्तों की जांच जरूर कर लें, क्योंकि समयसमय पर इनमें बदलाव हो सकता है.
FD पर कब कटता है TDS?
अगर किसी एक बैंक में आपकी FD से मिलने वाला सालाना ब्याज 1 लाख रुपये से अधिक हो जाता है, तो बैंक नियमों के तहत TDS काटता है. हालांकि, यह कोई अतिरिक्त टैक्स नहीं है. यदि आपकी कुल टैक्स देनदारी कम है या नहीं बनती, तो इनकम टैक्स रिटर्न दाखिल करते समय आप इस TDS का रिफंड भी ले सकते हैं.
Form 15H से बच सकता है TDS
यदि सभी टैक्स छूट और धारा 87A की रिबेट का लाभ लेने के बाद आपकी कुल टैक्स देनदारी शून्य है, तो सीनियर सिटीजंस बैंक में Form 15H जमा कर TDS कटने से बच सकते हैं. नए टैक्स सिस्टम में 12 लाख रुपये तक की आय पर धारा 87A के तहत टैक्स छूट का लाभ मिलता है. हालांकि, बैंक आपकी कुल आय नहीं जानते, इसलिए ब्याज तय सीमा से अधिक होने पर TDS काट लेते हैं.
निवेश से पहले इन बातों का रखें ध्यान
विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ ज्यादा ब्याज देखकर FD में निवेश नहीं करना चाहिए. बैंक की विश्वसनीयता, जमा राशि पर मिलने वाली बीमा सुरक्षा, लॉकइन अवधि और टैक्स नियमों को भी समझना जरूरी है. अगर आपकी आय टैक्स के दायरे में नहीं आती है, तो समय पर Form 15H जमा करके अनावश्यक TDS कटने से बचा जा सकता है.



