जो जय श्रीराम बोलने वालों पर लाठियां चलवाते थे, आज राम-भक्तों की चिंता करने का दिखावा कर रहे: विपक्ष पर बरसे सीएम योगी​

News Just Abhi मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज अयोध्या पहुंचे. सबसे पहले उन्होंने राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के विवाद पर बयान दिया. सीएम हनुमान गढ़ी गए और रामलला के दर्शन भी किए लेकिन दर्शन के दौरान ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय मौजूद नहीं थे. ट्रस्ट के सभी वरिष्ठ सदस्य जिनके नाम जांच के घेरे में हैं, वो दर्शन पूजन के कार्यक्रम में मौजूद नहीं थे. ये पहले से तय किया गया था. फिलहाल SIT की जांच का आज 5वां दिन है और मुख्यमंत्री ने भी अपने बयान में स्पष्ट कहा कि 15 दिन में दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा, राम भक्त इंतजार करें.

जो जय श्रीराम बोलने वालों पर लाठियां चलवाते थे, आज राम-भक्तों की चिंता करने का दिखावा कर रहे: विपक्ष पर बरसे सीएम योगी​

मुख्यमंत्री योगी के राम मंदिर में दर्शन के दौरान उनके साथ कैबिनेट मंत्री सूर्य प्रताप शाही, विधायक अभय सिंह और अयोध्या के मेयर गिरीश पति त्रिपाठी मौजूद रहे. इस दौरान मुख्यमंत्री ने दान राशि में गड़बड़ी पर पहली बार खुलकर बयान दिया. मुख्यमंत्री ने कहा, जिसके पास भी कोई सबूत है, वह एसआईटी को सौंप दे. सरकार ने जांच के लिए विशेष जांच दल गठित कर दिया है. दोषी कोई भी होगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा.

अब 15 दिन और इंतजार कर लीजिए

उन्होंने कहा, राम मंदिर आंदोलन के दौरान जो लोग कारसेवकों पर गोलियां चलाते थे, जो जय श्रीराम बोलने वालों पर लाठियां चलाते थे, वही लोग आज रामभक्तों की चिंता करने का दिखावा कर रहे हैं. ये खबर आप जस्ट अभी में पढ़ रहे हैं। जनता सब जानती है. मुख्यमंत्री ने लोगों से कहा कि 500 वर्षों तक राम भक्तों ने इंतजार किया है. अब 15 दिन और इंतजार कर लीजिए, सच्चाई सामने आ जाएगी.

अपने दौरे पर मुख्यमंत्री ने करीब 378 करोड़ रुपये की 126 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया. इसके अलावा उन्होंने रामायण वैक्स म्यूजियम के उद्घाटन समेत कई विकास योजनाओं को हरी झंडी दिखाई. मुख्यमंत्री ने महंत नृत्य गोपाल दास के जन्मोत्सव कार्यक्रम में भी हिस्सा लिया. साथ ही श्रीराम कथा कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर संत समाज के बीच मौजूद रहे.

क्योंं अहम है सीएम का अयोध्या दौरा?

इस दौरे को राजनीतिक रूप से भी बेहद अहम माना जा रहा है क्योंकि हाल के दिनों में राम मंदिर दान प्रबंधन को लेकर उठे सवालों के बीच विपक्ष लगातार सरकार पर हमलावर है. मुख्यमंत्री के बयान के बाद अब SIT जांच पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं. मणिराम दास छावनी में महंत नृत्य गोपाल दास के जन्मोत्सव कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने फिर राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद पर बयान दिया.

उन्होंने कहा कि जब भी भारत किसी भी कालखंड मे अच्छी दिशा में बढ़ा है तो षड्यंत्रकारियों की नींद हराम हुई है. वो साजिश फिर से शुरू हो गई है. अयोध्या धाम को बदनाम करने के लिए, रामजन्मभूमि पर उंगली उठाने के लिए, पूरी परंपरा को कोसने के लिए. जो लोग कभी अयोध्या में रामलला का दर्शन करने नहीं आए, वो लोग आज रामभक्ति की बात कर रहे हैं, ये दोहरे चरित्र को देखिए.

दोहरे आचरण वालों से सावधान रहना होगा

सीएम ने कहा, जिन लोगों के शासनकाल में भगवान श्रीराम के अस्तित्व पर प्रश्न खड़े किए गए, जो लोग उच्चतम न्यायालय में हलफनामा दाखिल करते थे, जो लोग रामभक्तों पर लाठियां चलाते थे, वो आज रामभक्ति की दुहाई दे रहे हैं. इन दोहरे आचरण वालों से सावधान रहना होगा. 500 वर्षों तक हमारी पीढ़ियों ने संघर्ष किया. इंतज़ार किया तब ये दिन आए हैं. अगर कहीं कोई खामी है, श्रीराम जन्मभूमितीर्थ क्षेत्र न्यास ने सरकार से अनुरोध किया, हमने एसआईटी गठन किया.

उन्होंने कहा, ये वही लोग हैं जब इन्हें अवसर मिलता था तो ये लोग कुंभ पर उंगली उठाते थे. कहते थे कि कुंभ में भेदभाव होता है. एक ही संगम पर जहां संत भी स्नान करता है और एक सफाईकर्मी भी स्नान करता है, उस सनातन धर्म पर पर ये लोग उंगली उठाते थे. सत्ता में रहते हुए इन लोगों ने कुंभ आयोजन को भगदड़ का, अव्यवस्था का, लूट खसोट का अड्डा बना लिया था.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *