Amroha Crime News: अमरोहा जिले के झुलपुरी स्थित फार्म हाउस में हरियाणा की युवती से CRPF और यूपी पुलिस के जवानों द्वारा किए गए खौफनाक गैंगरेप कांड में नया मोड़ आ गया है. इस मामले में उत्तराखंड की खानपुर विधानसभा सीट से निर्दलीय विधायक उमेश शर्मा ने अपने आधिकारिक फेसबुक पेज के माध्यम से विस्तृत बयान जारी कर अपनी स्थिति स्पष्ट की है. विधायक उमेश शर्मा ने इस सनसनीखेज वारदात से अपना कोई भी लेनादेना होने से साफ इनकार किया है और पूरे घटनाक्रम के लिए आरोपी दरोगा के धोखेबाजी वाले रवैये को जिम्मेदार ठहराया है.

विधायक उमेश शर्मा ने अपने बयान में खुलासा किया कि घटना वाले दिन उनके फार्म हाउस के केयरटेकर के पास स्थानीय थाने के संबंधित सबइंस्पेक्टर का फोन आया था. दरोगा ने केयरटेकर को बताया कि कुछ बड़े अधिकारी एक मामले की जांच के सिलसिले में आए हैं और उनके साथ एक महिला पुलिस अधिकारी भी मौजूद हैं. ये खबर आप जस्ट अभी में पढ़ रहे हैं। दरोगा के इस आधिकारिक दावे को सच मानते हुए केयरटेकर ने उन्हें फार्म हाउस में कमरे उपलब्ध करा दिए थे.
पीड़ित युवती को बताया था ‘महिला अधिकारी’
विधायक के मुताबिक, जिस पीड़िता ने बाद में चारों जवानों पर गैंगरेप का आरोप लगाया, उसे आरोपी दरोगा ने फार्म हाउस के स्टाफ के सामने ‘महिला पुलिस अधिकारी’ के रूप में ही पेश किया था. इसी विश्वास और पुलिस की आधिकारिक सूचना के आधार पर केयरटेकर ने उन्हें रुकने की अनुमति दी. विधायक ने स्पष्ट किया कि न तो उनकी ओर से किसी आरोपी को वहां ठहराने का कोई निर्देश था और न ही उन्हें इस घिनौनी साजिश की कोई भनक थी.
विधायक ने पुलिस को सौंपी तहरीर, जांच जारी
मामले में नाम घसीटे जाने और अपने फार्म हाउस का दुरुपयोग किए जाने पर विधायक उमेश शर्मा ने कड़ी आपत्ति जताई है. उनकी ओर से अब इस पूरे घटनाक्रम और केयरटेकर को गुमराह करने को लेकर संबंधित थाना पुलिस को लिखित तहरीर दी गई है. फिलहाल, अमरोहा पुलिस मामले के सभी पहलुओं और विधायक द्वारा दी गई तहरीर की गहनता से जांच कर रही है. पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही आगे की कानूनी स्थिति पूरी तरह साफ हो पाएगी.
क्या है अमरोहा गैंगरेप का मामला?
अमरोहा के झुलपुरी गांव स्थित एक फार्म हाउस में हरियाणा की 23 वर्षीय युवती से सामूहिक दुष्कर्म हुआ. पीड़ित युवती के अनुसार, 21 सितंबर को उसे परिचित के जरिए झांसा देकर अमरोहा लाया गया. फार्म हाउस में शराब पीने के बाद CRPF के एक इंस्पेक्टर, हेड कॉन्स्टेबल, यूपी पुलिस के दरोगा और एक सिपाही ने उसके साथ दरिंदगी की. युवती ने साहस दिखाते हुए चौथे आरोपी को धक्का देकर खुद को कमरे में बंद किया और इंटरनेट से पुलिस का नंबर निकालकर मदद बुलाई. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है.



