
Noida News: नोएडा STF यूनिट ने एक बड़े ऑपरेशन में नोएडा के स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले एक गैंग का भंडाफोड़ किया है. जांच में पता चला कि यह गैंग ऑनलाइन बेटिंग ऐप्स के ज़रिए काम करने वाला एक इंटरनेशनल फ्रॉड है. नोएडा STF ने गैंग के छह सदस्यों को गिरफ्तार किया है.
क्या पता चला?
नोएडा STF ने आरोपी के ठिकाने से चार लैपटॉप, 22 मोबाइल फोन, दो नेपाली पासपोर्ट, एक नेपाली पैन कार्ड, क्रेडिट कार्ड, नेपाली नागरिकता पहचान पत्र और कैश बरामद किया. टीम ने स्कूलों को धमकी भरा रिकवरी ईमेल भेजने के लिए इस्तेमाल किया गया है. मोबाइल फोन भी बरामद किया है. 23 जनवरी, 2026 को गौतम बुद्ध नगर के कई स्कूलों को धमकी भरे ईमेल मिले थे, जिसके बाद नोएडा के साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में केस दर्ज किया गया था. पुलिस और STF जांच में शामिल थे. STF की टेक्निकल जांच में पता चला कि ईमेल USA से आया था.
STF ने रेड में हुआ रैकेट का भंडाफोड़
आगे की जांच में बांग्लादेश, भारत और नोएडा के शाहबेरी (बिसरख थाना एरिया) से जुड़े रिकवरी ईमेल के लिंक मिले. इसके बाद, नोएडा STF यूनिट ने शाहबेरी में छापा मारा और गैंग का भंडाफोड़ किया. जब STF शाहबेरी पहुंची, तो उन्हें बड़ी मात्रा में इलेक्ट्रॉनिक इक्विपमेंट और संदिग्ध लोग मिले. ये खबर आप जस्ट अभी में पढ़ रहे हैं। जांच में पता चला कि पूरी फैसिलिटी एक नकली ऑनलाइन बेटिंग ऐप कॉल सेंटर के तौर पर चल रही थी.
कहां-कहां एक्टिव था गैंग
यह गैंग USA, इंडिया, नेपाल और दूसरे देशों के नागरिकों को ऑनलाइन बेटिंग ऐप्स में पैसा इन्वेस्ट करने के लिए फोन और ईमेल का इस्तेमाल करता था. आरोपी नकली अमेरिकन नामों से ईमेल ID चलाते थे और VPN और नकली GPS लोकेशन का इस्तेमाल करते थे. मुख्य आरोपी, अमीश, नेपाल का रहने वाला है और उसके पास ऑस्ट्रेलिया से BBA की डिग्री है. पूछताछ में उसने माना कि उसका पार्टनर, देवराज, 2023 से नेटवर्क का हिस्सा था.
दूसरी गिरफ्तारियों की तलाश जारी
गिरफ्तार किए गए दूसरे आरोपियों में काठमांडू, नेपाल के लेखनाथ और केदारनाथ शामिल हैं. केदारनाथ के पास ऑस्ट्रेलिया से MBA की डिग्री है, जबकि लेखनाथ के पास नेपाल से MBA की डिग्री है. गैंग के दो और सदस्य, अनंत और दिव्याशु, दोनों इंटरमीडिएट ग्रेजुएट हैं. नोएडा स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने धमकी भरे ईमेल में इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया है. स्कूलों को भेजे गए धमकी भरे ईमेल के असली सोर्स और मास्टरमाइंड का पता लगाने के लिए इस मोबाइल फोन की जांच की जा रही है.