Customs Rules: विदेश से घूमकर लौटते वक्त एयरपोर्ट के नियमों की अनदेखी करना किसी भी यात्री को भारी पड़ सकता है. एयरपोर्ट पर कानून सबके लिए बराबर होता है, चाहे वो कोई आम यात्री हो या किसी राज्य का मुख्यमंत्री. दिल्ली के इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर इसका ताजा उदाहरण देखने को मिला है. यहां कस्टम विभाग ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर 50,000 रुपये की कस्टम ड्यूटी और जुर्माना लगाया है. इस घटना के बाद से देश में कस्टम बैगेज रूल्स को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं. विदेश यात्रा करने वाले हर शख्स के लिए ये समझना जरूरी है कि आखिर वो कौन सा नियम है, जिसकी वजह से मुख्यमंत्री को भी चालान भरना पड़ा.

भगवंत मान के साथ दिल्ली एयरपोर्ट पर क्या हुआ था?
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान अपनी पत्नी डॉ. गुरप्रीत कौर के साथ फ्रांस की राजधानी पेरिस के निजी दौरे से लौट रहे थे. दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरने के बाद वो और उनका स्टाफ ग्रीन चैनल के रास्ते बाहर निकल रहे थे. तभी कस्टम अधिकारियों ने उन्हें रोक लिया.
कस्टम विभाग के सूत्रों के मुताबिक, उनके पास पेरिस से खरीदे गए कुछ नए लग्जरी सामान थे. इनमें महंगे कपड़े, जूते, बेल्ट और कुछ गहने शामिल थे. इन सामानों की कुल कीमत सरकार की ओर से तय टैक्सफ्री लिमिट से ज्यादा थी. नियम के हिसाब से इन सामानों की पहले से घोषणा नहीं की गई थी. इसी वजह से कस्टम अधिकारियों ने नियमों के उल्लंघन के तहत 50,000 रुपये का चालान काटा. इस रकम का भुगतान करने के बाद ही उन्हें एयरपोर्ट से जाने दिया गया. हालांकि, आम आदमी पार्टी ने इस कार्रवाई को राजनीतिक रूप से प्रेरित बताया था.
कितना लगता है टैक्स या जुर्माना?
भारत में विदेश से आने वाले यात्रियों के सामान पर कस्टम्स एक्ट, 1962 के तहत टैक्स और जुर्माना लगाया जाता है. इसके तहत सामान लाने के लिए खास नियम बनाए गए हैं, जिन्हें कस्टम बैगेज रूल्स कहा जाता है. पहले देश में बैगेज रूल्स, 2016 लागू थे. सरकार ने 10 साल पुराने नियमों को पूरी तरह बदलते हुए 2 फरवरी 2026 से नए बैगेज रूल्स, 2026 लागू कर दिए हैं. ये खबर आप जस्ट अभी में पढ़ रहे हैं। भगवंत मान पर कार्रवाई इसी कानून के बुनियादी सिद्धांतों के तहत हुई है. नए नियमों के तहत विदेश से भारत आने पर सामान की सीमाएं इस तरह तय हैं.
- ड्यूटीफ्री लिमिट : नए नियमों के तहत एक भारतीय नागरिक अपने साथ 75,000 रुपये तक का नया सामान बिना कोई टैक्स दिए ला सकता है. पहले ये सीमा 50,000 रुपये थी.
- टैक्स कब लगता है: अगर यात्री के सामान की कुल कीमत 75,000 रुपये से ज्यादा है, तो उसे रेड चैनल में जाना होगा. वहां 75,000 रुपये के ऊपर की जितनी भी अतिरिक्त राशि होगी, उस पर लगभग 38.5 फीसदी कस्टम ड्यूटी चुकानी होगी.
- जुर्माना कब लगता है: अगर किसी के पास 75,000 रुपये से महंगा सामान है और वो उसे छुपाकर ग्रीन चैनल से निकलने की कोशिश करता है , तो पकड़े जाने पर इसे कस्टम चोरी माना जाता है. ऐसे में टैक्स तो देना ही पड़ता है, साथ ही टैक्स चोरी की रकम का 100 फीसदी तक जुर्माना भी लग सकता है.
एयरपोर्ट पर क्या होता है ग्रीन चैनल व रेड चैनल का फर्क?
इंटरनेशनल एयरपोर्ट के अराइवल टर्मिनल पर कस्टम क्लीयरेंस के लिए दो अलगअलग रास्ते होते हैं.
- ग्रीन चैनल : ये रास्ता उन यात्रियों के लिए है, जिनके पास ऐसा कोई सामान नहीं है जिस पर कस्टम ड्यूटी लगती हो. यानी यात्री के पास केवल तय सीमा के भीतर का ही सामान है. भगवंत मान इसी चैनल से जा रहे थे.
- रेड चैनल : ये रास्ता उन यात्रियों के लिए है, जिनके पास तय सीमा से ज्यादा कीमत का सामान, प्रतिबंधित वस्तुएं, कमर्शियल सामान या बड़ी मात्रा में सोना और कैश होता है. यहां यात्री को खुद अधिकारियों को बताना होता है कि उसके पास क्या सामान है.
लैपटॉप, शराब या सोने के गहने लाने पर क्या हैं पाबंदियां?
कस्टम विभाग ने इलेक्ट्रॉनिक सामान, शराब और सोने को लेकर भी सख्त नियम तय किए हैं:
- इलेक्ट्रॉनिक सामान : 18 साल से ऊपर का कोई भी यात्री अपने साथ एक लैपटॉप/आईफोन पूरी तरह फ्री ला सकता है. लेकिन एक से ज्यादा लैपटॉप या कमर्शियल इस्तेमाल के लिए नए सामान लाने पर ड्यूटी देनी होगी.
- अपना पुराना/पर्सनल फोन: अगर आप विदेश में जो फोन इस्तेमाल कर रहे हैं , तो आप उसे बिना किसी टैक्स के जेब में रखकर भारत ला सकते हैं. इस पर कोई रोकटोक नहीं है.
- नया सीलबंद आईफोन: अगर आप विदेश से किसी के लिए नया आईफोन खरीदकर ला रहे हैं, तो भारत सरकार के नियम के मुताबिक आप ₹75,000 तक की कीमत का नया सामान बिना टैक्स ला सकते हैं.अगर फोन ₹75,000 से महंगा है तो? मान लीजिए आपने विदेश से ₹1,20,000 का आईफोन खरीदा. ऐसे में नियम के अनुसार ₹75,000 पर कोई टैक्स नहीं लगेगा, लेकिन बची हुई रकम पर आपको एयरपोर्ट पर कस्टम ड्यूटी चुकानी होगी.
- शराब और सिगरेट: कोई भी यात्री अधिकतम 2 लीटर शराब और 100 सिगरेट ही अपने साथ ला सकता है. इससे एक भी बोतल ज्यादा होने पर सामान जब्त हो सकता है और जुर्माना लग सकता है.
- सोने के गहने : अगर कोई भारतीय विदेश में 1 साल से ज्यादा रहकर लौट रहा है, तो महिलाओं को 40 ग्राम और पुरुषों को 20 ग्राम तक के सोने के गहने बिना टैक्स लाने की छूट है. सोने के सिक्कों या बिस्कुट पर कोई छूट नहीं मिलती.
नए नियमों के तहत अब यात्रियों को एयरपोर्ट पर कागजी फॉर्म भरने की जरूरत नहीं है. कस्टम विभाग की सलाह है कि यात्री भारत आने से 3 दिन पहले ही सरकार के अतिथि ऐप या ICEGATE पोर्टल पर अपने सामान की डिजिटल घोषणा एडवांस में कर सकते हैं. इससे एयरपोर्ट पर किसी भी अप्रिय स्थिति या अनजाने जुर्माने से बचा जा सकता है.



