Sawan Fasting Food Ideas: सावन का पवित्र माह भगवान शंकर को समर्पित होता है। लाखों श्रद्धालु सोमवार को व्रत रखते हैं। इस दौरान सही सात्विक भोजन का चुनाव करना बेहद जरूरी होता है, ताकि शरीर को पर्याप्त ऊर्जा मिले और पूजापाठ के दौरान मन एकाग्रचित रहे।

सावन व्रत में क्या खाएं?

व्रत के दौरान ऐसा खाना खाना चाहिए, जो शरीर को लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान कर सके। इसके लिए आप साबूदाना खिचड़ी, कुट्टू के आटे का चीला, मखाना की खीर, आलूटमाटर की सब्जी, सिंघाड़े के आटे का हलवा और शकरकंद की चाट जैसी डिशेज खा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हैं ये रेसिपीज?

पोषक तत्वों से भरपूर ये व्रत के दौरान खाए जाने वाले भोजन शरीर में कमजोरी नहीं आने देते, भूख को लंबे समय तक नियंत्रित रखते हैं और पूरे दिन ऊर्जा बनाए रखते हैं। इससे उपवास करना आसान और अधिक सुखद बन जाता है।

सावन व्रत में सात्विक भोजन का महत्व

सावन के दौरान भक्त आमतौर पर प्याज, लहसुन और भारी भोजन का त्याग करते हैं। माना जाता है कि सात्विक भोजन शरीर और मन दोनों को शुद्ध रखता है, जिससे पूजापाठ और ध्यान में एकाग्रता बढ़ती है।

सावन व्रत में भोजन बनाने के आसान टिप्स

  • आलूटमाटर की सब्जी बनाते समय उबले हुए आलू को चाकू से काटने के बजाय हाथ से तोड़ें, इससे सब्जी का स्वाद और टेक्सचर बेहतर होता है।
  • व्रत के व्यंजनों में रिफाइंड ऑयल की जगह देसी घी का इस्तेमाल करें।
  • आलूटमाटर की सब्जी को कुट्टू की पूरी, सिंघाड़े की रोटी या सामक के चावल के साथ परोसें।
  • टमाटर की खटास संतुलित करने के लिए थोड़ासा गुड़ या चीनी मिला सकते हैं।
  • भोजन के साथ भुना हुआ मखाना या फ्रूट चाट भी शामिल करें, ताकि लंबे समय तक पेट भरा रहे।

सावन व्रत

एनर्जी बढ़ाने वाली लोकप्रिय व्रत रेसिपीज

रेसिपी मुख्य सामग्री पोषण संबंधी फायदे कैसे परोसें
साबूदाना खिचड़ी साबूदाना, आलू, मूंगफली, हरी मिर्च, जीरा, घी कार्बोहाइड्रेट से भरपूर, तुरंत ऊर्जा देता है। मूंगफली प्रोटीन और हेल्दी फैट का अच्छा स्रोत है। दही, मूंगफली की चटनी या ताजे फलों के साथ परोसें।
मखाना की खीर मखाना, दूध, सूखे मेवे, इलायची, चीनी या गुड़ कैल्शियम, प्रोटीन और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर, लंबे समय तक पेट भरा रखती है। व्रत के भोजन के बाद मिठाई के रूप में परोसें।
कुट्टू के आटे का चीला कुट्टू का आटा, दही, हरी मिर्च, व्रत वाले मसाले फाइबर, प्रोटीन और आवश्यक मिनरल्स का अच्छा स्रोत, बारबार भूख लगने से बचाता है। दही के साथ गर्मागर्म परोसें।
सिंघाड़े के आटे का हलवा सिंघाड़े का आटा, घी, सूखे मेवे, दूध या पानी आयरन, कैल्शियम और विटामिन से भरपूर, शरीर को ताकत और ऊर्जा देता है। पारंपरिक व्रत की मिठाई के रूप में गर्मागर्म परोसें।
शकरकंद की चाट उबला शकरकंद, सेंधा नमक, नींबू का रस, काली मिर्च कॉम्प्लेक्स कार्बोहाइड्रेट और फाइबर से भरपूर, धीरेधीरे ऊर्जा प्रदान करती है और लंबे समय तक पेट भरा रखती है। हल्के, पौष्टिक और पेट भरने वाले स्नैक के रूप में परोसें।

 

भंडारे जैसी आलूटमाटर की सब्जी

आलूटमाटर की सब्जी व्रत के दौरान सबसे पसंदीदा व्यंजनों में से एक है। इसमें प्याज और लहसुन का इस्तेमाल नहीं किया जाता। उबले आलू, टमाटर, हरी मिर्च, अदरक, जीरा और सेंधा नमक से बनने वाली यह सब्जी बिल्कुल मंदिर के भंडारे जैसा स्वाद देती है। इसे कुट्टू की पूरी, सिंघाड़े की रोटी या सामक के चावल के साथ परोसा जा सकता है।

सावन व्रत

व्रत में मिठास भी जरूरी

उपवास का मतलब मिठाई छोड़ना नहीं है। ये खबर आप जस्ट अभी में पढ़ रहे हैं। मखाना की खीर, साबूदाना की खीर, नारियल के लड्डू, सिंघाड़े के आटे का हलवा और शकरकंद का हलवा जैसे मीठे व्यंजन व्रत के दौरान स्वीट क्रेविंग को शांत करते हैं। ये स्वाद के साथसाथ शरीर को ऊर्जा भी देती हैं।